🪶 १. तर्कप्रधान रूप (विवेक के स्तर पर) जब कोई व्यक्ति कहता है कि “मूर्ति तो केवल पत्थर की है, उसमें भगवान कहाँ हैं?”, तो…
🌿अहंकार से आत्मबोध तक 🌿 कालिदास बोले :- “माते पानी पिला दीजिए बड़ा पुण्य होगा” ! स्त्री बोली :- बेटा मैं तुम्हें जानती नहीं. अपना…
श्री शालिग्राम पूजन से पूर्व अवश्य जानने योग्य महत्वपूर्ण तथ्य 🙏(शास्त्रसम्मत, श्रद्धा–संयम एवं मर्यादा सहित) श्री शालिग्राम भगवान की सेवा साधारण पूजन नहीं, अपितु साक्षात्…
जैसे गोपियों और करुणामयी श्रीराधा रानी को श्रीकृष्ण का वियोग हुआ—यह हमने संतों, ग्रन्थों और कथाओं में सुना और पढ़ा है। किन्तु क्या श्रीकृष्ण को…
प्रश्न 1 — भगवान के शरणागत कैसे हुआ जाए?“मैं भगवान का हूँ और भगवान मेरे हैं” — यह भाव स्थिर और पुष्ट कैसे हो? उत्तर…
🕉️ जब उद्धव ने कृष्ण से किया तीखा सवाल: “कहाँ थी आपकी मित्रता?” 🕉️ महाभारत युद्ध के बाद, उद्धव जी ने श्री कृष्ण के सामने…
🌿 भगवान विष्णु के नामों का रहस्य(नाम—जो स्वयं मोक्ष हैं)शास्त्र कहते हैं—भगवान विष्णु अनंत हैं, इसलिए उनके नाम भी अनंत हैं।नारायण, केशव, हरि, वासुदेव, मधुसूदन,…
🌸 घूँघट और दर्शन 🌸वे बहुत दिनों से देख रहे थे।जब कभी “उनकी” चर्चा चलती,तो उसके अधरों परलज्जा और गर्व से भरीएक मधुर मुस्कान अठखेलियाँ…
🌸 भाव की विजय — बाँके बिहारी की लीला 🌸 एक कन्या थी—सीधी, सरल और निष्कपट।बचपन से ही उसके हृदय में केवल एक नाम बसा…
🌿 भगवान शालिग्राम की सेवा का अधिकार — शास्त्रीय दृष्टिसबसे पहले एक मौलिक सिद्धांत समझ लीजिए— शालिग्राम कोई साधारण विग्रह नहीं,स्वयं नारायण तत्त्व का प्राकट्य…